xr:d:DAFlBjhtIac:1313,j:3820599599741370599,t:24031007
ईरान युद्ध की वजह से एविएशन फ्यूल के दाम में लगातार तेजी आ रही है. ATF की कीमत बढ़ने से फ्लाइट ऑपरेशन की लागत एयरलाइंस कंपनियों की कमर तोड़ रही हैं. एयर इंडिया ने ऑपरेशनल खर्च के बढ़ते बोझ को कम करने के लिए उड़ानों की संख्या घटा दी है. रोजाना 100 उड़ानों को रद्द कर दिया है. घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों ही रूट्स पर उड़ानों में कटौती कर दी गई है. जेट फ्यूल के दाम बढ़ने से एयरलाइंस कंपनियों पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है.
युद्ध की वजह से एयर इंडिया की बढ़ी मुश्किल–
फ्यूल प्राइस में बढ़ोतरी के चलते एयर इंडिया ने अपनी उड़ानों की संख्या घटा दी है. अभी एयर इंडिया के रोजाना 1100 से ज्यादा फ्लाइट्स उड़ान भरते हैं, लेकिन अब इसमें कटौती की जा रही है, ताकि घाटे को कम किया जा सके. माना जा रहा है कि यूरोप, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और सिंगापुर रूट्स पर फ्लाइट्स कम किए जाएंगे. घरेलू रूट्स पर भी कुछ फ्लाइट्स घटाए जाने का प्लान है.
कितना बढ़ा ATF का रेट्स –
जेट फ्यूल के दाम लगातार बढ़ रहे हैं. घरेलू कैरियर में एटीएफ के दाम में 25 फीसदी तक की बढ़ोतरी हो गई है और यह 1,04,927.18 प्रति किलोलीटर पर पहुंच चुकी है. एयरलाइंस पहले से ही 20 हजार करोड़ रुपये के घाटे में चल रही है. एटीएफ के दाम बढ़ने से ये आंकड़ा और बढ़ता जा रहा है.
अमेरिका की स्पिरिट एयरलाइन ने बंद किया कारोबार–
ईरान होर्मुज खोलने के लिए तैयार है, लेकिन ट्रंप अब मनमानी कर रहे हैं. वो ईरान को अपनी शर्तों पर युद्ध में पीछे धकेल रहे हैं. जिसकी वजह से होर्मुज अब तक बंद है. होर्मुज संकट की वजह से तेल महंगा हो रहा है. ATF फ्यूल के दाम बढ़ने से अमेरिकी एयरलाइन बंद हो गया.
एविएशन सेक्टर में इस युद्ध का घातक असर दिखने लगा है. बढ़ती फ्यूल कॉस्ट की वजह से अमेरिका की लो-कॉस्ट एयरलाइन स्पिरिट एयरलाइंस को अपना कारोबार बंद करना पड़ा है. 34 साल बाद एयरलाइंस ने अपना कारोबार बंद करने का ऐलान कर दिया है.
ईंधन की लागत बढ़ने से कंपनी लगातार घाटे जा रही थी. पहले भी दो बार दिवालिया होने के कगार पर पहुंच गई थी. इस बार वो तेल के बढ़ते दामों के दबाव को झेल नहीं पाई और ऑपरेशन बंद करना पड़ा है.एयरलाइन बंद होने की वजह से 17000 लोगों की नौकरी चली गई है.
